
गोरखपुर में बोलेरो सवार बदमाशों ने मासूम का किया अपहरण, 45 मिनट में पुलिस ने सकुशल किया बरामद
गोरखपुर के गजपुर बाजार में बोलेरो सवार बदमाशों ने एक दो वर्षीय मासूम का दिनदहाड़े अपहरण कर इलाके में सनसनी फैला दी। हालांकि पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए महज 45 मिनट के भीतर बच्चे को सकुशल बरामद कर लिया और दो संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है।
आयाम स्वरूप, गोरखपुर
गोरखपुर के गजपुर बाजार में बोलेरो सवार बदमाशों ने 2 साल के बच्चे का अपहरण कर लिया। वारदात से पहले मां को टक्कर मारकर गिराया गया। पुलिस ने तुरंत एक्शन लेते हुए CCTV और लोकेशन के आधार पर घेराबंदी की। दबाव में बदमाश बच्चा और गाड़ी छोड़कर फरार हो गए। 45 मिनट में मासूम को सुरक्षित बरामद कर परिवार को सौंप दिया गया। दो संदिग्ध हिरासत में हैं और मुख्य आरोपी की तलाश जारी है। घटना से इलाके में दहशत फैल गई थी।
मां को टक्कर मारकर किया अपहरण
गजपुर बाजार निवासी रामआशीष यादव की पत्नी सुमन शनिवार शाम करीब 6:20 बजे अपने बड़े बेटे और दो वर्षीय पुत्र अयांश के साथ दवा लेने बाजार गई थीं। दवा लेकर लौटते समय पीछे से आई तेज रफ्तार बोलेरो ने उन्हें टक्कर मार दी, जिससे सुमन और अयांश सड़क पर गिर गए, जबकि बड़ा बेटा दूर होने के कारण बच गया।
इसी दौरान बोलेरो सवार तीन बदमाश मौके का फायदा उठाकर मासूम अयांश को उठाकर गाड़ी में बैठाकर फरार हो गए। सुमन जैसे-तैसे उठीं और बच्चे को ढूंढने लगीं। बड़े बेटे ने बताया कि “मुन्ना को गाड़ी वाले उठा ले गए।” इसके बाद महिला के शोर मचाने पर आसपास के लोग जुट गए, लेकिन तब तक बदमाश भाग चुके थे।
सीसीटीवी से खुला सुराग, पुलिस ने की घेराबंदी
घटना की सूचना मिलते ही एसपी दक्षिणी दिनेश पुरी के नेतृत्व में पुलिस सक्रिय हो गई। गजपुर चौकी पुलिस ने घटनास्थल के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली और बोलेरो का नंबर ट्रेस किया।
वाहन के मालिक की पहचान सुरेंद्र नाथ साहनी के रूप में हुई। पुलिस ने जब उनसे संपर्क किया, तो उन्होंने बताया कि वे मुंबई में हैं और उनकी गाड़ी सहजनवां थाना क्षेत्र के रिशु पासवान चला रहा है।
चालक का मोबाइल नंबर मिलने के बाद पुलिस ने लोकेशन ट्रेस की, जो सोहगौरा के आसपास मिली। इसके बाद सभी थानों को अलर्ट कर वाहनों की चेकिंग शुरू कर दी गई।
घेराबंदी के बाद बदमाश फरार, बच्चा बरामद
इसी बीच सोहगौरा चौकी पुलिस को संदिग्ध बोलेरो आती दिखी। पुलिस ने तुरंत रास्ता अवरुद्ध कर घेराबंदी की। चालक ने गाड़ी मोड़कर भागने की कोशिश की, लेकिन तभी गगहा थाना पुलिस भी पहुंच गई।
खुद को चारों ओर से घिरता देख बदमाश शाम 7:08 बजे बोलेरो और बच्चे को छोड़कर फरार हो गए। इसके बाद पुलिस ने बच्चे को सुरक्षित बरामद कर लिया।
इलाज के बाद परिवार को सौंपा गया बच्चा
घटना में सिर पर चोट लगने के कारण बच्चे का प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) कौड़ीराम में इलाज कराया गया। इसके बाद थाने लाकर मासूम को परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया।
एसपी दक्षिणी दिनेश पुरी ने बताया कि मौके से दो संदिग्धों को हिरासत में लिया गया है और मुख्य आरोपी चालक की तलाश जारी है। महिला की तहरीर पर केस दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
मां-बेटे के मिलन ने किया भावुक
मासूम अयांश के सकुशल मिलने के बाद मां सुमन की आंखों से आंसू छलक पड़े। जब पुलिस बच्चे को लेकर पीएचसी पहुंची, तो व्याकुल मां ने बेटे को सीने से लगाकर फूट-फूटकर रोना शुरू कर दिया।
कुछ देर तक वह बच्चे को गोद में लेकर दुलारती रहीं और पुलिस टीम का आभार जताती रहीं। यह दृश्य देखकर वहां मौजूद लोगों की भी आंखें नम हो गईं।
मासूम के पिता रामआशीष यादव ने भी पुलिस की तत्परता के लिए धन्यवाद दिया। पूरे घटनाक्रम में मां की बेचैनी और बेटे के मिलने की खुशी ने हर किसी को भावुक कर दिया।

