
यूपी में कम बारिश की संभावना पर सीएम योगी ने अधिकारियों को दिए कड़े निर्देश
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मानसून की स्थिति और पेयजल आपूर्ति की समीक्षा करते हुए जल संरक्षण को जन आंदोलन बनाने पर जोर दिया।
उत्तर प्रदेश में मौसम विभाग के अनुमान के अनुसार इस बार सामान्य से कम बारिश होने की संभावना है। पूर्वांचल एवं वेस्ट यूपी दोनों ही क्षेत्रों में जून से सितंबर तक सामान्य से कम बारिश का अनुमान है। वहीं, तापमान भी सामान्य से अधिक रहने की आशंका है। इन परिस्थितियों को देखते हुए सीएम योगी आदित्यनाथ ने कृषि, सिंचाई सहित अन्य संबंधित विभागों को अभी से वैकल्पिक तैयारी के निर्देश दिए हैं। सीएम योगी ने रविवार को मौसम की स्थिति, मॉनसून की प्रगति, पेयजल आपूर्ति और भूजल संरक्षण से संबंधित कार्यों की समीक्षा की।
मुख्यमंत्री ने समीक्षा के दौरान कहा कि मौसम की अनिश्चितता और मानसून की संभावित अनियमितता को देखते हुए हर प्रदेशवासी को जल संचयन एवं जल संरक्षण के प्रयासों से जुड़ना होगा। पानी की एक भी बूंद व्यर्थ नहीं जानी चाहिए। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आह्वान पर संचालित ‘कैच द रेन’अभियान को और अधिक प्रभावी ढंग से संचालित किया जाए। आगामी वर्षों की कार्ययोजना को जल संरक्षण, हरित ऊर्जा और आधुनिक सिंचाई तकनीकों से जोड़ा जाए।
सीएम ने कहा कि तालाबों और पोखरों में गांवों का गंदा पानी न जाने पाए। सरकारी भवनों को जल संरक्षण का आदर्श मॉडल बनाया जाए। बैठक में कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही, जल शक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह, नगर विकास मंत्री एके शर्मा, पंचायती राज मंत्री ओमप्रकाश राजभर भी उपस्थित रहे। मत्रियों ने विभागीय प्रयासों एवं प्रगति से मुख्यमंत्री को अवगत करवाया।

