
गोरखपुर यूनिवर्सिटी और आशा FM 89.6 MHz ने मिलाया हाथ
यह एम ओ यू छात्रों को जॉब-ओरिएंटेड ट्रेनिंग, इंटर्नशिप और लाइव प्रोजेक्ट्स का अनुभव प्रदान करेगा। प्लेसमेंट सेल इस समझौते को छात्रों के भविष्य के लिए एक सुनहरा अवसर मानता है।
दीन दयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय और आशा FM 89.6 MHz के बीच एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए। जिसका उद्देश्य एजुकेशन, मीडिया ट्रेनिंग, सामुदायिक विकास और युवा सशक्तिकरण को बढ़ावा देना है।
यह एमओयू कुलपति प्रोफेसर पूनम टंडन और आशा एफएम की चेयरपर्सन आशा त्रिपाठी के बीच हुआ। जिसके माध्यम से स्टूडेंट्स के लिए मीडिया ट्रेनिंग, रेडियो प्रोग्रामिंग, पत्रकारिता, कंटेंट क्रिएशन, संवाद कौशल और प्रोजेक्ट-आधारित कला सीखने के नए अवसर खुलेंगे।
साथ ही सामुदायिक जागरूकता अभियानों, शोध कार्यों, प्रकाशनों और विभिन्न सामाजिक मुद्दों पर संयुक्त कार्यक्रमों के उत्पादन और प्रसारण भी आसान होगा।
एमओयू के तहत छात्रों को एंकरिंग, स्क्रिप्ट राइटिंग, ऑडियो एडिटिंग, रिपोर्टिंग, पॉडकास्ट और तकनीकी संचालन का ट्रेनिंग मिलेगा। इसके साथ ही उन्हें लाइव कार्यक्रमों, फील्ड रिपोर्टिंग, ऑडियो–वीडियो डॉक्यूमेंट्री और मीडिया प्रोडक्शन में शामिल किया जाएगा।
‘कैंपस रेडियो कनेक्ट’ श्रृंखला के माध्यम से विश्वविद्यालय की सांस्कृतिक, शैक्षणिक और साहित्यिक गतिविधियों को भी समुदाय तक पहुंचाने की योजना है। साथ ही करियर काउंसलिंग, कौशल विकास, मानसिक स्वास्थ्य, उद्यमिता, जेंडर समानता, डिजिटल साक्षरता और पर्यावरण जागरूकता पर विशेष कार्यक्रम तैयार किए जाएंगे।
इस अवसर पर कुलपति प्रोफेसर पूनम टंडन ने कहा कि यह एमओयू हमारे विद्यार्थियों को व्यवहारिक और पेशेवर कौशल प्रदान करने की दिशा में एक अत्यंत महत्वपूर्ण कदम है। यह सहयोग मीडिया, संचार और समुदायिक सहभागिता जैसे क्षेत्रों में नए अवसरों का द्वार खोलेगा।
लाइव प्रोजेक्ट्स का मिलेगा अनुभव इनके अलावा प्लेसमेंट सेल के डायरेक्टर प्रोफेसर अजय शुक्ल का ने कहा कि मीडिया कौशल और संचार क्षमता आज हर क्षेत्र में रोजगार का महत्वपूर्ण आधार बन चुके हैं। यह एम ओ यू छात्रों को जॉब-ओरिएंटेड ट्रेनिंग, इंटर्नशिप और लाइव प्रोजेक्ट्स का अनुभव प्रदान करेगा। प्लेसमेंट सेल इस समझौते को छात्रों के भविष्य के लिए एक सुनहरा अवसर मानता है।

