
पाकिस्तान और अफ़ग़ानिस्तान के बीच बातचीत बेनतीजा
पाकिस्तान और तालिबानी सेना के बीच तनाव अपने चरम पर है। अफगानिस्तान की तालिबान सरकार के उप गृहमंत्री ने धमकी दी है कि अब पाकिस्तान से डूरंड लाइन के पार अपनी जमीन को वापस लेने का समय आ गया है।
तालिबान और पाकिस्तान के बीच तुर्की में चल रही बातचीत बेनतीजा खत्म हो गई है। तालिबान के प्रवक्ता जबीउल्ला मुजाहिद ने अपने ताजा बयान में खुलासा किया है कि पाकिस्तान चाहता था कि सुरक्षा की सारी जिम्मेदारी अफगानिस्तान की सरकार पर डाल दी जाए और कोई भी जिम्मेदारी खुद न ली जाए। पाकिस्तानी प्रतिनिधिमंडल के इस गैरजिम्मेदाराना व्यवहार की वजह से बातचीत बेनतीजा रही है। उन्होंने कहा कि अफगानिस्तान अपनी जमीन का इस्तेमाल किसी गुट को किसी दूसरे देश को नुकसान पहुंचाने के लिए नहीं करने देगा। साथ ही अपनी जमीन की रक्षा करने के लिए पूरी तरह से तैयार है।
इससे पहले पाकिस्तान के बड़बोले रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने कहा था कि अगर टीटीपी का हमला होता है तो अफगानिस्तान में कार्रवाई करके इसका जवाब दिया जाएगा।
पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख़्वाजा आसिफ़ ने कहा है कि पाकिस्तान और अफ़ग़ानिस्तान के बीच बातचीत पूरी तरह रुक गई है। बीबीसी उर्दू की ख़बर के मुताबिक़ जियो न्यूज़ के एक कार्यक्रम में पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख़्वाजा आसिफ़ ने कहा कि अगले दौर की बातचीत के लिए न तो कोई कार्यक्रम है और न ही कोई उम्मीद है।
ख्वाजा आसिफ़ ने दावा किया कि बातचीत के दौरान, “अफ़ग़ान प्रतिनिधिमंडल भी पाकिस्तान की स्थिति को स्वीकार कर रहा था, लेकिन वे इस मामले को लिखित रूप में देने को तैयार नहीं थे। वे केवल मौखिक रूप से कह रहे थे कि हम पर भरोसा किया जाना चाहिए।’’ख़्वाजा आसिफ़ ने कहा कि बातचीत का अंतरराष्ट्रीय सिद्धांत ये है कि हर बात लिखित रूप में सामने लाई जाए।

