
बरेली में मां की गवाही से बेटे को उम्रकैद
बरेली में जमीन विवाद को लेकर बेटे छत्रपाल ने अपने पिता लालाराम की हंसिया से हत्या कर दी। मां और छोटे भाई की गवाही के आधार पर कोर्ट ने छत्रपाल को दोषी ठहराया। विशेष न्यायाधीश गैंग्स्टर एक्ट ने उसे उम्रकैद की सजा सुनाई और एक लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया।
उत्तर प्रदेश के बरेली में मां की गवाही पर कोर्ट ने कलयुगी बेटे छत्रपाल को उम्रकैद और 1 लाख रुपये जुर्माने की सजा सुनाई। आरोपी ने अप्रैल 2025 में 10 बीघा जमीन के लिए अपने पिता की हसिया से गला काटकर हत्या कर दी थी। मां ने अदालत में कहा कि वह पति के हत्यारे बेटे का मुंह नहीं देखना चाहती।
घटना बरेली के थाना नवाबगंज क्षेत्र की है। यहां साल भर पहले एक लालची बेटे ने जमीन की खातिर अपने ही पिता की हत्या कर दी थी। इस हत्याकांड की गवाही उसकी मां ने दी। मां ने भरी अदालत में बेटे के खिलाफ गवाही देकर उसे आजीवन सलाखों के पीछे पहुंचा दिया।
मां के साथ भी आरोपित ने मारपीट की और हंसिया से प्रहार किया जिससे वह घायल हो गई। विशेष न्यायाधीश गैंग्स्टर एक्ट तबरेज अहमद ने दोषी पर सजा के साथ ही एक लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। जुर्माना अदा नहीं कर पाने पर दोषी को अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।

