
कच्चा तेल 110 डॉलर प्रति बैरल के पार
होर्मुज़ स्ट्रेट अमेरिका-इसराइल और ईरान के बीच जारी युद्ध की वजह से बंद है. जिससे तेल की कीमत में उछाल आया
ईरान पर अमेरिका और इसराइल के हमले के बाद कच्चे तेल में उछाल जारी है. अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में क्रूड की क़ीमत 110 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर पहुंच गई.
तेल और गैस की आपूर्ति के लिए दुनिया के सबसे अहम रास्तों में से एक स्ट्रेट ऑफ़ होर्मुज़ के बंद होने के बाद कच्चे तेल की क़ीमतों में उछाल आया है.
होर्मुज़ स्ट्रेट अमेरिका-इसराइल और ईरान के बीच जारी युद्ध की वजह से बंद है.
ब्रेंट क्रूड की क़ीमतों में 18 फ़ीसदी की बढ़ोतरी हुई और यह 108.68 डॉलर प्रति बैरल हो गया है. वहीं अमेरिकी तेल डब्ल्यूटीआई क़रीब 20 फ़ीसदी बढ़कर 110 डॉलर प्रति बैरल पहुंच गया.
फ़रवरी 2022 में रूस के यूक्रेन पर हमले के बाद यह कच्चे तेल की क़ीमतों में सबसे बड़ी बढ़ोतरी है. उस समय भी कच्चे तेल की क़ीमत 100 डॉलर प्रति बैरल से काफ़ी ऊपर चली गई थी. ब्रेंट क्रूड में 18% से अधिक उछाल देखा गया. इस वृद्धि का सीधा असर भारत में पेट्रोल-डीजल की कीमतों पर पड़ने की संभावना है.

