
संसद में ‘वीबी- जी राम जी’ बिल पास, विपक्ष ने दी आंदोलन की चेतावनी
संसद ने गुरुवार को विपक्ष के ज़ोरदार विरोध के बीच ‘वीबी- जी राम जी’ विधेयक पारित कर दिया। यह विधेयक यूपीए दौर में शुरू हुई मनरेगा योजना की जगह लेगा। मनरेगा और केंद्र सरकार के नए अधिनियम में नाम के अलावा भी कई बदलाव किए गए हैं और विपक्षी दल सरकार के इस फ़ैसले का विरोध कर रहे हैं।
विधेयक के पारित होने के बाद विपक्षी नेता गुरुवार रात संसद परिसर में धरने पर बैठे रहे। राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि जो मंत्री गरीबों के प्रति संवेदना दिखाने की बात करते हैं, वही आज मनरेगा को खत्म करने पर उतारू हैं। उन्होंने कहा कि सरकार किसी मजबूरी में यह कानून ला रही है, लेकिन सच्चाई देश को नहीं बता रही। खरगे ने चेतावनी दी कि जिस तरह तीन कृषि कानून वापस लेने पड़े थे, उसी तरह यह कानून भी वापस लेना पड़ेगा। उन्होंने सवाल किया कि क्या सरकार चाहती है कि लोग सड़कों पर उतरें, आंदोलन करें, गोलियां खाएं और जान दें। खरगे ने साफ कहा कि गरीब इस कानून का समर्थन कभी नहीं करेंगे और कांग्रेस इसकी लड़ाई जारी रखेगी।
वहीं केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि पुरानी योजना की कमियों को दूर करने के लिए यह विधेयक ज़रूरी था।
केंद्र सरकार ने नए अधिनियम को ‘विकसित भारत गारंटी फॉर रोज़गार एंड आजीविका मिशन (ग्रामीण)’ यानी ‘वीबी- जी राम जी’ नाम दिया है।

