
NATO चीफ की 8 अप्रैल को अमेरिकी राष्ट्रपति से मुलाकात
राष्ट्रपति ट्रम्प ने ईरान के खिलाफ जंग में सहयोग न करने और होर्मुज जलडमरूमध्य को खोलने में मदद न करने के लिए यूरोपीय सहयोगियों की आलोचना की है, और नाटो को "कागजी शेर" बताते हुए बाहर निकलने की धमकी दी है।
ईरान युद्ध को लेकर बढ़ते तनाव के बीच NATO के सेक्रेटरी जनरल मार्क रुट अगले हफ्ते 8 अप्रैल को ट्रम्प से मुलाकात करेंगे। यह बैठक ऐसे समय में हो रही है जब ट्रम्प ने NATO से बाहर निकलने के संकेत दिए हैं। NATO के अनुसार, रुट ट्रम्प से मुलाकात के बाद विदेश मंत्री मार्को रूबियो और रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ से भी चर्चा करेंगे। ट्रम्प ने यूरोपीय सहयोगियों पर आरोप लगाया है कि वे ईरान के खिलाफ जंग में उनका साथ नहीं दे रहे हैं।
उन्होंने खासतौर पर होर्मुज को खोलने में मदद न मिलने और सैन्य ठिकानों के इस्तेमाल पर रोक को लेकर नाराजगी जताई है। कुछ दिन पहले राष्ट्रपति ट्रम्प ने NATO को कागजी शेर बताते हुए गठबंधन छोड़ने पर विचार करने की बात कही है।
नाटो यानी नॉर्थ अटलांटिक ट्रीटी ऑर्गनाइजेशन है। यह पश्चिमी देशों- यूरोप के कुछ देश और उत्तरी अमेरिका के देशों का एक प्रमुख सैन्य और राजनीतिक गठबंधन है। नाटो की स्थापना दूसरे विश्व युद्ध के बाद सन 1949 में हुई थी। अमेरिका की राजधानी वॉशिंगटन डीसी में शुरुआत में 12 देशों ने एक साथ जुटकर इस गठबंधन की स्थापना की थी।

